चंडीगढ़, (17 नवंबर 2025)
चंडीगढ़ के प्रतिष्ठित उद्योगपति एवं कट्टर मोहयाल समाजसेवी स्वर्गीय श्री लव पति बाली 14 नवंबर को अपनी सांसारिक यात्रा पूर्ण कर परलोक गमन कर गए। धार्मिक आस्था, सामाजिक सेवा और विनम्र स्वभाव के कारण वे समाज में अत्यधिक सम्मानित थे। उन्होंने अपने परिवार को जो श्रेष्ठ संस्कार दिए, वही आज बाली परिवार की विशिष्ट पहचान बने हुए हैं।
सोमवार, 17 नवंबर को सेक्टर-34 स्थित गुरुद्वारा साहिब में दिवंगत आत्मा की सद्गति एवं शांति के लिए अंतिम अरदास आयोजित की गई। संगत ने अरदास कर वाहेगुरु से प्रार्थना की कि वे बिछड़ी आत्मा को अपने श्रीचरणों में स्थान दें और शोकाकुल बाली परिवार को यह असहनीय दुख सहने की शक्ति प्रदान करें।
अंतिम अरदास में उद्योग जगत से जुड़े अनेक प्रतिष्ठित लोग, मोहयाल समाज की विभिन्न सभाओं के पदाधिकारी, सामाजिक एवं धार्मिक संगठनों के प्रतिनिधि, रिश्तेदार और मित्रगण बड़ी संख्या में उपस्थित हुए। सभी ने पुष्पांजलि अर्पित कर दिवंगत आत्मा के प्रति अपनी भावपूर्ण श्रद्धांजलि व्यक्त की।
इस अवसर पर जनरल मोहयाल सभा नई दिल्ली के प्रधान विनोद दत्त, उपाध्यक्ष योगेश मेहता, अश्विनी मेहता (अध्यक्ष, मोहयाल सभा अंबाला), सुभाष छिब्बर (प्रधान, मोहयाल सभा पंचकुला एवं जीएमएस मैनेजिंग कमेटी सदस्य), शरद छिब्बर (संयुक्त सचिव, मोहयाल सभा पंचकुला), वीके वैद (अध्यक्ष मोहयाल सभा मोहाली) विकास बाली (सचिव, मोहयाल सभा चंडीगढ़), शोनिक मेहता (अध्यक्ष, मोहयाल सभा कालका एवं सदस्य मैनेजिंग कमेटी जीएमएस) एवं प्रमोद बाली कालका । पूर्व अध्यक्ष इंद्रजीत सिंह छिब्बर( मोहयाल सभा चंडीगढ़ ) तथा दिल्ली से श्री सुनील वैद विशेष रूप से उपस्थित रहे।
स्वर्गीय श्री लव पति बाली अपने पीछे पत्नी श्रीमती उर्मिला बाली, पुत्र जज बाली (प्रधान मोहयाल सभा चंडीगढ़ एवं सदस्य मैनेजिंग कमेटी जीएमएस नई दिल्ली), निर्दोष–मोनिका बाली, अनिल–नम्या बाली, पुत्री शर्मीला–दीपक दत्ता, पोते–पोतीयां एवं नाती–नातिनें कामाक्षी–अभिषेक जोशी, उदयवीर, कुशान, सूर्यवीर, रघुवीर, राजवीर तथा पर-नातिन आयात को छोड़ गए हैं।
मोहयाल मित्रम् परिवार की ओर से बाली एवं दत्ता परिवार को अपूर्णीय दुख सहन करने की शक्ति और दिवंगत आत्मा को सद्गति प्रदान हो। प्रार्थना करता हैं।
ओम् शांति


